उज्जैन। सपाक्स पार्टी के स्थापना दिवस पर वार्षिक सम्मेलन गुरूवार को भोपाल में एक निजी रेस्टोरेंट में स्वर्ण समाज का मिलन समारोह पूर्व आईएएस डॉ वीणा घाणेकर की अध्यक्षता में आयोजित किया गया। इस सम्मेलन में उज्जैन के डॉ. हीरालाल त्रिवेदी पूर्व आईएएस ने अपने उद्बोधन में मप्र सरकार के मंदिरों की कृषि भूमि कि आय को गौशालाओं में एवं स्थानीय विकास में व्यय किया जाएगा के निर्णय को सनातन धर्म में सीधा हस्तक्षेप करार देते हुए कहा कि जिसे हिंदू समाज कभी भी स्वीकार नहीं करेगा।
उन्होंने कहा कि केंद्र या राज्य की वर्तमान भाजपा सरकार हो अथवा कांग्रेस पार्टी के नेता हों सभी मिलकर सनातन धर्म पर सीधा आक्रमण कर रहे हैं, इसके विरुद्ध संघर्ष किया जाएगा और आने वाले उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव तथा 2028 के मप्र एवं राजस्थान के चुनाव में सीधा जवाब दिया जाएगा। सपाक्स पार्टी इस मामले में सभी सनातनी विचारधारा के लोगों के साथ खड़ी रहेगी। उन्होंने कहा कि यदि केंद्र सरकार ने यूजीसी रोलबैक नहीं किया तो आगामी चुनाव में मोदी रोलबैक होगा।
अन्याय अब सहन नहीं किया जाएगा-
सपाक्स के उज्जैन के प्रवक्ता जेआर माहुरकर ने बताया कि सम्मेलन में सपाक्स पार्टी के पदाधिकारियों एवं सवर्ण समाज के संगठनों के पदाधिकारीयों ने भाग लिया। इस अवसर पर डॉ वीणा घाणेकर ने अपने उद्बोधन में कहा कि सपाक्स पार्टी का जन्म सपाक्स संगठनों के क्रांति सम्मेलन 30 सितंबर 2018 के निर्णय से हुआ। उन्होंने कहा कि पदोन्नति में आरक्षण के पश्चात एट्रोसिटी एक्ट में 2016 में संशोधन करके वर्तमान भाजपा सरकार ने सामान्य पिछड़ा एवं अल्पसंख्यक वर्ग के साथ अन्याय किया था सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद भी वर्तमान भाजपा सरकार ने एट्रोसिटी एक्ट को और कठोर बनाया और अब यूजीसी विनियम के मार्फत सामान्य वर्ग को प्रताड़ित किया जा रहा है। यह सरासर अन्याय है और अब इसे सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि भाजपा युवाओं और महिलाओं की बात करती है परंतु पीछे से इसी वर्ग पर वार करती है। इस अत्याचार के विरुद्ध युवाओं और महिलाओं को आगे आकर संघर्ष करना चाहिए। राजस्थान सनातन समाज के संयोजक पंडित चंद्रशेखर शर्मा, प्रदेश संयोजक दीनबंधु जोशी ने भी संबोधित किया।
ये भी शामिल हुए सम्मेलन में-
राष्ट्रीय महासचिव सुरेश शुक्ला एवं इंजी. देवेंद्र सिंह, प्रदेश अध्यक्ष इंजी. पीएस परिहार, मुंबई की मंजू शर्मा, उप्र से आए एडवोकेट राय, बिहार के अध्यक्ष घनश्याम भारद्वाज, गुजरात के शैलेश शुक्ल आदि ने अपने विचार व्यक्त किये। कार्यक्रम का संचालन राष्ट्रीय प्रवक्ता लखन शास्त्री ने किया।
मंदिरों की कृषि भूमि आय को गौशालाओं में उपयोग का सरकार का निर्णय सपाक्स प्रमुख ने निर्णय को सनातन धर्म में सीधा हस्तक्षेप करार दिया